- Home
- Bhajan & Aarti
- श्री जगन्नाथाष्टकम् (आदि शङ्कराचार्य)
Ashtakam · भगवान जगन्नाथ
श्री जगन्नाथाष्टकम् (आदि शङ्कराचार्य)

परिचय
श्री जगन्नाथाष्टकम् (आदि शङ्कराचार्य) — सनातन सेवा डिजिटल भक्ति संग्रह। भगवान जगन्नाथ की पारंपरिक उपासना।
श्री जगन्नाथाष्टकम् (आदि शङ्कराचार्य)
Ashtakam · भगवान जगन्नाथ
॥ जगन्नाथाष्टकम्॥
कदाचित्कालिन्दीतटविपिनसगीतकवरो मुदा गापीनारीवदनकमलास्वादमधुप। रमाशभुब्रह्मामरपतिगणशार्चितपदो जगन्नाथ स्वामी नयनपथगामा भवतु मे॥
भुजे सव्ये वेणु शिरसि शिखिपिञ्छ कटितटे दुकूल नेत्रान्त सहचरकटाक्ष विदधत्। सदा श्रीमद्वृन्दावनवसतिलीलापरिचयो जगन्नाथ स्वामी नयनपथगामी भवतु मे॥
महाम्भोधेस्तीरे कनकरुचिर नीलशिखरे वस्रन्प्रासादान्त सहजबलभद्रेण बलिना। सुभद्रामध्यस्थ सकलसुरसेवावसरदो जगन्नाथ स्वामी नयनपथगामी भवतु मे॥
कृपापारावार सजलजलदश्रेणिरुचिरो रमावाणीसोमस्फुरदमलपद्मोद्भवमुखै। सुरेन्द्रैराराध्य श्रुतिगणशिखागीतचरितो जगन्नाथ स्वामी नयनपथगामी भवतु मे॥
रथारूढो गच्छन्पथि मिलितभूदेवपटलै स्तुतिप्रादुर्भाव प्रतिपदमुपाकर्ण्य सदय। दयासिन्धुर्बन्धु सकलजगता सिन्धुसुतया जगन्नाथ स्वामी नयनपथगामी भवतु मे॥
परब्रह्मापीड कुवलयदलोत्फुल्लनयनो निवासी नीलाद्रौ निहितचरणोऽनन्तशिरसि। रसानन्दो राधासरसवपुरालिङ्गनसुखो जगन्नाथ स्वामी नयनपथगामी भवतु मे॥
न वै प्रार्थ्य राज्य न च कनकता भोगविभवे न याचेऽह रम्या निखिलजनकाम्या वरवधूम्। सदा काले काले प्रमथपतिना गीतचरितो जगन्नाथ स्वामी नयनपथगामी भवतु मे॥
हर त्व ससार द्रुततरमसार सुरपते हर व पापाना विततिमपरा यादवपते। अहो दीनानाथ निहितमचल पातुमनिश जगन्नाथ स्वामी नयनपथगामी भवतु मे॥
Sanatan Seva ऐप में श्री जगन्नाथाष्टकम् (आदि शङ्कराचार्य) की ऑडियो, सुनें और अपने परिवार के साथ गाएँ।
